Sunday, July 05, 2009

हिंदी फ़िल्मी गीतों की नोटेशन पुस्तक प्रकाशित



हमारे ढोलक समूह के एक जर्मन सदस्य Thomas ने मुझे बॉलीवुड गीतों की staff notation की एक पुस्तक दिखा कर हैरान कर दिया। यह सुंदर पुस्तक इंगलैंड में हुई है और इसकी कीमत साढे छब्बीस यूरो है। इसमें नीचे दिए हुए गीतों के मुखड़ों को पिआनो पर बजाने के लिए staff notation में लिखा गया है। साथ में एक सीडी भी है जिसमें मूल (original) गाने दिए हुए हैं। पता नहीं ऐसी किताबें खुद भारत में भी छपती हैं कि नहीं। युरोप में हर लोकप्रिय गानों, एल्बमों की नोटेशन वाली पुस्तकें आम दुकानों और पुस्तकालयों में मिल जाती हैं। लेकिन ये पता नहीं था कि यहां हिंदी फ़िल्म संगीत भी इस कदर लोकप्रिय हो चुका है। अभी कोई भी नोटेशन लिखने वाला सॉफ़्यवेयर युनिकोड का समर्थन नहीं कर रहा है। एक सॉफ़्टवेयर में कृतिदेव फ़ांट द्वारा मैंने नोटेशन में हिंदी लिख कर आज़माया था।


इसके अलावा मैंने 'तेज़ाब' फ़िल्म के गाने 'एक दो तीन' के मुखड़े को नोटेशन में लिख कर देखा था।


गीतों कि सूचि जो इस पुस्तक में उपलब्ध हैं-
Aa Meri Jaan (Chandni)
Chalo Tumko Lekar Chale (Jism)
Chand Sitare Ohool Aur Khushboo (Kaho Naa... Pyaar Hai)
Chandni O Meri Chandni (Chandni)
Ek Ladki Ko Dekha (1942 A Love Story)
Ek Shararat Hone Ko Hai (Duplicate)
Hum Chup Hain (Faasle)
Kaho Naa... Pyaar Hai (Kaho Naa... Pyaar Hai)
Kal Raat Ho Gayee (Kasoor)
Kuchh Na Kaho (1942 A Love Story)
Main Hoon Krushrang Henna (Henna)
Mehndi Laga Ke Rakhna (Dilwale Dulhania Le Jayenge)
Mere Humsafar (Refugee)
Mere Khwabon Ka Har Ek Naqsh Mita De Koi (Jism)
Mere Mehboob Mere Sanam (Duplicate)
Mere Rang Mein (Maine Pyaar Kiya)
Mujhe Rang De (Thakshak)
Na Tum Jano Na Hum (Kaho Naa... Pyaar Hai)
Naya Naya Dhula Dhula (Fihaal)
Raat Ki Hatheli Par (Refugee)
Satyam Shivam Sundaram (Satyam Shivam Sundaram)
Soni Soni (Rehanaa Hai Terre Dil Mein)
Sun Sahiba Sun (Ram Teri Ganga Maili)
Tere Bina Jiya Jaaye Na (Ghar)
Tu Hi Meri Shab Hai (Gangster)
Tum Aa Gaye Ho Noor Aa Gaya Hai (Andhi)
Tumko Hi Chahenge Hum (Parwana)
Yeh Galiyan Yeh Chaubara (Prem Rog)
Yeh Kahan Aa Gaye Hum (Silsila)
Zara Sa Jhoom Loon Main (Diwale Dulhania Le Jayenge)

म्युनिक विश्वविद्यालय के गर्मियों के मेले में हमारा ढोलक समूह

3 जुलाई को म्युनिक विश्वविद्यालय मेले (Uni Sommerfest 2009) में हमारे ढोलक समूह ने प्रदर्शन किया।




फोटोः
http://picasaweb.google.de/keeeeeeeks/UniSommerfestJuli2009

Sunday, June 28, 2009

हैमबर्ग मेले में हमारा ढोलक समूह

20 और 21 अप्रैल को Hamburger Altonale मेले में हमारे ढोलक समूह ने हिस्सा लिया।



नीचे कुछ फ़ोटो के लिए लिंक, लेकिन वे सार्वजनिक नहीं हैं।
http://picasaweb.google.de/keeeeeeeks/HamburgerAltonale200902
http://picasaweb.google.de/sabine.zintel/Hamburg1806210609

इसके अलावा 23 मई को म्युनिक में 'Lange Nacht der Musik' यानि 'संगीत की लंबी रात' की शुरूआत हमारे ढोलक समूह से हुई। लेकिन लिंक सार्वजनिक नहीं हैं।

http://picasaweb.google.de/keeeeeeeks/Gasteig2009
http://picasaweb.google.de/elemivick/LangeNachtDerMusik

Saturday, May 02, 2009

अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस पर हमारी गायक मंडली



कल पहली मई को म्युनिक में भी 'अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस' मनाया गया। शहर के बीचों बीच कई सारी युनियनों और संगठनों ने स्टाल लगाए हुए थे, लाईव संगीत और कई सारे कार्यक्रम हो रहे थे। हमारी संगीत मंडली (choir group) ने भी वहां कुछ गाने गाए। यह संगीत मंडली दरअसल Attac नामक एक वैश्वीकरण विरोधी गैर सरकारी संगठन का हिस्सा है। इस मंडली में केवल वैश्वीकरण विरोधी गाने गाए जाते हैं जो मुझे कोई खास पसंद नहीं। पर मेरे लिए ये मंडली केवल गाना सीखने, आवाज़ को ताक़तवर बनाने, staff notation पढ़कर गाने में ट्रेनिंग और अनुशासन का एक मंच है। इस गायक मंडली में शामिल होने से पहले मुझे पता ही नहीं था कि ये Attac संगठन का ही एक हिस्सा है और Attac है क्या। लेकिन मुझे खुशी है कि मैं कुछ नया सीख रहा हूँ। मुझे गाने का शौक है, लेकिन इसके अलावा मुझे गाने के अभ्यास और सीखने का अवसर नहीं मिलता।

Thursday, March 05, 2009

हमारे समूह की 25वीं सालगिरह



15 नवंबर 2008 को म्युनिक में हमारे Percussion Group 'Münchner Ruhestörung (http://www.muenchner-ruhestoerung.de/) ने 25वीं सालगिरह मनाई। 23 अक्तूबर 1983 को यह समूह NATO के प्रसार के विरुद्ध प्रदर्शन करने के लिए अस्तित्व में आया। इन पच्चीस वर्षों अधिकाँश सदस्य बदल गए हैं। केवल दो तीन मूल सदस्य ही अब तक शामिल हैं। मैं इस दिसंबर 2008 में इसमें शामिल हुआ। हम हर सोमवार अभ्यास करते हैं और समय समय पर पार्टियों, प्रदर्शनों, मेलों आदि में बजाते हैं। थोड़े बहुत पैसे मिलते हैं, उससे वाद्यों, अभ्यास और प्रबंधन आदि का खर्च चलता है। हमने Loft नामक एक क्लब में 25 वर्ष का जश्न मनाया। हमारी एक सदस्य वहां लगाने के लिए एक ऐसा पोस्टर बनाना चाहती थी जिसमें 25 वर्ष का प्रसंग उभर कर आए। तब ख्याल आया कि सभी वर्तमान सदस्यों की एक वर्तमान चित्र और एक 25 वर्ष पहले का चित्र मिल जाए तो एक अच्छा कोलाज मिल सकता है। मैंने भी अपनी तमाम पुरानी तस्वीरें छांटीं। संयोग से भारत की पिछली यात्रा के दौरान में काफ़ी तस्वीरें स्कैन कर के ले आया था। तो मुझे केवल एक चित्र मिला, 25 अक्तूबर 1985 का, जब मेरी बड़ी दीदी की शादी थी और हम कई लोगों ने मिलकर मैरिज पैलेस में फ़ोटो खिंचवाई थी, मेरे शहर बरनाला में। मैंने उसमें से अपनी फ़ोटो काटकर भेज दी। हालांकि वह बहुत छोटी पड़ी एक बड़ा पोस्टर बनाने के लिए, लेकिन हमारी सदस्य ने काम चला लिया। पोस्टर देखें। इसमें प्रत्येक वर्तमान सदस्य का एक वर्तमान और एक 25 वर्ष पहले का चित्र है। कुछ तो उस समय गोद खेलते बच्चे थे। मैं बारह साल का था।